बलिया, जून 1 -- बांसडीह, हिन्दुस्तान संवाद। खाना बनाते समय रविवार की रात लगी आग में एक ही परिवार की चार रिहायशी झोपड़ियों के साथ उसमें मौजूद नगदी के साथ ही घर-गृहस्थी का सामान जलकर नष्ट हो गया। हादसे के बाद पीड़ित परिवार खुले में जीवन-यापन करने को मजबूर है। लोगों ने जिला प्रशासन से आर्थिक मदद उपलब्ध कराने की मांग की है।इलाके के डुहीमूसी निवासी पशुपति नाथ सिंह की पत्नी पुष्पा रविवार की रात घर में चूल्हे पर खाना पका रही थीं। इसी बीच किसी प्रकार छिंटकी चिंगारी से झोपड़ी में आग लग गयी। लोग जब तक कुछ समझ पाते आग ने पांव पसारते हुए उन्हीं की आसपास मौजूद तीन अन्य झोपड़ियों को चपेट में ले लिया। इसके बाद ग्रामीणों की भीड़ जुट गयी तथा लोग वैकल्पिक संसाधनों से आग पर काबू पाने में जुट गये। काफी प्रयास के बाद आग जब तक शांत हुई तब तक झोपड़ी में मौजूद आ...